
चंदौली में पुलिस की बड़ी सफलता, 121 मोबाइल उनके असली मालिकों तक पहुंचे
Chandauli News: आज के डिजिटल युग में मोबाइल फोन केवल बातचीत का माध्यम नहीं, बल्कि हर व्यक्ति के जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुका है। ऐसे में मोबाइल के खो जाने पर लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। इसी समस्या को समझते हुए चंदौली पुलिस ने सराहनीय कार्य करते हुए बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल के निर्देशन में सर्विलांस और स्वाट टीम ने कड़ी मेहनत के बाद कुल 121 गुमशुदा मोबाइल फोन बरामद किए हैं, जिन्हें उनके वास्तविक स्वामियों को सौंप दिया गया। बरामद किए गए मोबाइल फोन की कुल अनुमानित कीमत लगभग 36,30,000 रुपये बताई जा रही है।
CEIR पोर्टल और तकनीकी टीम की अहम भूमिका
पुलिस अधीक्षक ने जनसुनवाई के दौरान प्राप्त प्रार्थना पत्रों को गंभीरता से लेते हुए सर्विलांस और स्वाट टीम को विशेष जिम्मेदारी सौंपी थी। टीम ने भारत सरकार के CEIR (Central Equipment Identity Register) पोर्टल और आधुनिक तकनीकी साधनों का उपयोग करते हुए जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों और अन्य स्थानों से मोबाइल फोनों को सफलतापूर्वक ट्रेस कर बरामद किया।
पुलिस लाइन में हुआ वितरण कार्यक्रम
दिनांक 20 अप्रैल 2026 को पुलिस लाइन स्थित नवीन सभागार में एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल एवं अपर पुलिस अधीक्षक (सदर) की उपस्थिति में सभी मोबाइल स्वामियों को उनके खोए हुए फोन वापस किए गए। अपने मोबाइल और उसमें सुरक्षित डाटा को पाकर लोगों के चेहरे खुशी से खिल उठे। उन्होंने चंदौली पुलिस की तत्परता और कार्यशैली की सराहना की।
थाना-वार बरामद मोबाइल का विवरण
पुलिस द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, सबसे अधिक 47 मोबाइल सकलडीहा क्षेत्र से बरामद किए गए। इसके अलावा:
चंदौली: 21 मोबाइल
मुगलसराय: 09 मोबाइल
बबुरी: 07 मोबाइल
नौगढ़ और धानापुर: 06-06 मोबाइल
चकिया: 04 मोबाइल
सैयदराजा, धीना और कंदवा: 03-03 मोबाइल
चकरघट्टा और इलिया: 02-02 मोबाइल
सर्विलांस सेल: 08 मोबाइल
टीम की सराहना
इस सफलता में स्वाट टीम प्रभारी निरीक्षक रामजनम यादव और सर्विलांस प्रभारी आशीष मिश्रा सहित उनकी टीम का विशेष योगदान रहा। टीम में हेड कांस्टेबल अरविंद यादव, राणाप्रताप सिंह, रामानंद यादव सहित अन्य पुलिसकर्मी शामिल रहे। पुलिस अधीक्षक ने टीम की सराहना करते हुए भविष्य में भी इसी प्रकार जनसेवा के कार्यों को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए।
