
Akhilesh Yadav on Yogi Adityanath: “अब तो सीएम ने भी मान लिया कि वोट कटे हैं…” अखिलेश यादव का तंज, कहा- मुख्यमंत्री भी आएं रामलीला मैदान !
Akhilesh Yadav on Yogi Adityanath: दिल्ली के रामलीला मैदान में SIR, वोटर लिस्ट से नाम हटाने और चुनाव में कथित धांधली के मुद्दे पर INDIA ब्लॉक की महारैली हो रही है। इस प्रदर्शन में कांग्रेस, समाजवादी पार्टी, तृणमूल कांग्रेस, राष्ट्रीय जनता दल, शिवसेना, झारखंड मुक्ति मोर्चा समेत कई विपक्षी दलों के नेता और कार्यकर्ता शामिल हो रहे हैं। रैली में पहुंचे समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने चुनाव आयोग और बीजेपी पर निशाना साधते हुए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के उस बयान को मुद्दा बनाया, जिसमें उन्होंने प्रदेश में 1.27 करोड़ हिंदू मतदाताओं के नाम वोटर लिस्ट से कटने का दावा किया था।
अखिलेश ने कहा कि अब तो उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री ने खुद मान लिया है कि राज्य में 1.27 करोड़ वोट कम हो गए हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि मुख्यमंत्री को इस आंकड़े की जानकारी आखिर कब हुई? अखिलेश के मुताबिक, यह बात उन्हें विधान परिषद चुनाव में हार के बाद याद आई। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जो लोग डबल इंजन सरकार की बात करते थे, वे अब डबल जीरो हो गए हैं।
1.27 करोड़ वोटों का आंकड़ा कहां से आया?
अखिलेश यादव ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के दावे पर सवाल उठाते हुए पूछा कि उन्हें कैसे पता चला कि 1.27 करोड़ हिंदू मतदाताओं के नाम वोटर लिस्ट से हट गए हैं? यह आंकड़ा उन्हें किसने दिया और इसका आधार क्या है? अखिलेश का कहना था कि इतने बड़े आंकड़े की जानकारी बिना किसी ठोस रिकॉर्ड के नहीं दी जा सकती।
उन्होंने आरोप लगाया कि चुनावी हार के बाद भी बीजेपी अपनी हार स्वीकार करने के बजाय दोबारा गिनती और चुनाव आयोग के पास जाने जैसे कदम उठा रही है। अखिलेश ने दावा किया कि डबल इंजन सरकार को एक ही चुनाव में दो बार हार का सामना करना पड़ा, लेकिन उसने इसे खुले तौर पर स्वीकार नहीं किया।
योगी आदित्यनाथ को भी रामलीला मैदान आने का न्योता
वोटर लिस्ट से नाम गायब होने के मुद्दे पर अखिलेश यादव ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को भी रामलीला मैदान आने की बात कही। उन्होंने कहा कि अगर लाखों लाभार्थियों के नाम भी मतदाता सूची में नहीं हैं, जैसा कि दावा किया जा रहा है, तो उन लोगों को भी इस आंदोलन में शामिल होना चाहिए। अखिलेश ने सवाल उठाया कि जब इतने बड़े पैमाने पर वोटरों के नाम कटने की बात कही जा रही है, तो सरकार दूसरों पर आरोप कैसे लगा सकती है? उन्होंने INDIA ब्लॉक के प्रदर्शन को अन्याय और कथित झूठे वादों के खिलाफ आंदोलन बताया।
